अनाधिकृत तरीके से रेलवे ट्रैक पार करने वालों के विरुद्ध की जा रही सख्त कार्यवाही।

जनवरी 2025 से दिसंबर 2025 तक 1882 लोग गिरफ्तार (हेडिंग में संख्या 1282 से 1882 में संशोधित की गई है, जो बॉडी टेक्स्ट से मेल खाती है)

प्रयागराज मंडल में ट्रेनों के सुचारु संचालन एवं यात्री सुरक्षा को सुनिश्चित करने अनाधिकृत तरीके से रेलवे ट्रैक पार (ट्रेसपासिंग) करने वालों के विरुद्ध अभियान चलाया जा रहा है। ट्रेसपासिंग न केवल ट्रैक पर करने वाले के जीवन को खतरे में डालती है बल्कि गाड़ियों की समयबद्धता को भी प्रभावित करती है। एक प्लेटफॉर्म से दूसरे प्लेटफॉर्म पर जाने के लिए फुट ओवर ब्रिज का प्रयोग करें। अनधिकृत रूप से ट्रैक पार करना दंडनीय अपराध है, जिसमें 1000 रुपये जुर्माना एवं 6 माह का कारावास या दोनों का प्रावधान है। ट्रेसपासिंग पर अंकुश लगाने के परिणामस्वरूप वर्ष 2025 में 01 जनवरी, 2025 से 10 दिसंबर, 2025 तक कुल 1882 लोगों को ट्रेसपासिंग के आरोप में गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई की गई।

गिरफ्तारियाँ (01 जनवरी - 10 दिसंबर, 2025): जनवरी 2025: 42 लोग गिरफ्तार फरवरी 2025: 43 लोग गिरफ्तार मार्च 2025: 175 लोग गिरफ्तार अप्रैल 2025: 86 लोग गिरफ्तार मई 2025: 148 लोग गिरफ्तार जून 2025: 96 लोग गिरफ्तार जुलाई 2025: 300 लोग गिरफ्तार अगस्त 2025: 292 लोग गिरफ्तार अक्तूबर 2025: 246 लोग गिरफ्तार सितंबर 2025: 201 लोग गिरफ्तार नवंबर 2025: 206 लोग गिरफ्तार दिसंबर 2025: 47 लोग गिरफ्तार

स्टेशन-वार गिरफ्तारियाँ (01 जनवरी - 10 दिसंबर, 2025):

प्रयागराज जंक्शन: 197 कानपुर सेंट्रल: 172 प्रयागराज छिवकी: 169 जीएमसी: 156 फतेहपुर: 133 कानपुर अनवरगंज: 123 फ़िरोज़ाबाद: 117 पनकी धाम: 97 चुनार: 92 मिर्जापुर: 87 नैनी: 86 अलीगढ़: 86 फफूंद: 84 इटावा: 60 सूबेदारगंज: 55 खुर्जा: 43 टूंडला: 34 शिकोहाबाद: 29 मानिकपुर: 25 हाथरस: 25 दादरी: 12

रेल प्रशासन यात्रियों से अपील करता है कि यात्री अनधिकृत रूप से ट्रैक पार न करें एवं एक प्लेटफॉर्म से दूसरे प्लेटफॉर्म पर जाने के लिए फुट ओवर ब्रिज का प्रयोग करें। रेल प्रशासन अनावश्यक चेन पुलिंग करने वालों के विरुद्ध निरंतर अभियान चला रहा है और पकड़े जाने पर सख्त कार्यवाही की जा रही है।

प्रयागराज मंडल यात्रियों के सुगम, सुरक्षित और समयबद्ध यात्रा उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है तथा इसके लिए यात्रियों के सहयोग की अपेक्षा भी करता है।

Source/RSB

Previous Next